RBI Order भारतीय रिजर्व बैंक किसी भी तरह की अनियमितता और बैंक ग्राहकों की सुविधा से कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं करती है।

हमेशा बैंक उपभोक्ता के हित में ही काम करती है। इसके तहत भारतीय रिजर्व बैंक ने चार सहकारी बैंकों पर प्रतिबंध लगा दिए हैं। इसमें ग्राहकों के अपने बैंक खातों से पैसा निकालने की सीमा लगाना शामिल है।

इनमें दो बैक यूपी के भी शामिल है। इस सूचना के बाद बैंक उपभोक्ता निराशा हैं। और सोच रहे हैं कि कैसे पूरा पैसा निकलेगा।

भारतीय रिजर्व बैंक किसी भी तरह की अनियमितता और बैंक ग्राहकों की सुविधा से कोई भी लापरवाही बर्दाश्त नहीं करती है। हमेशा बैंक उपभोक्ता के हित में ही काम करती है।

इसके तहत भारतीय रिजर्व बैंक ने चार सहकारी बैंकों पर प्रतिबंध लगा दिए हैं। इसमें ग्राहकों के अपने बैंक खातों से पैसा निकालने की सीमा लगाना शामिल है। इनमें दो बैक यूपी के भी शामिल है।

रिजर्व बैंक ने यह प्रतिबंध इन बैंकों की बिगड़ती आर्थिक स्थिति को देखते हुए लगाया है। साथ ही इन बैंकों के ग्राहकों को अपने बैंक खातों से पैसा निकालने की सीमा भी तय कर दी है।

RBI के अनुसार, साईबाबा जनता सहकारी बैंक, द सूरी फ्रेंड्स यूनियन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड, सूरी (पश्चिम बंगाल) और बहराइच (UP) के नेशनल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर प्रतिबंध लगाया गया है।

आरबीआई ने बिजनौर स्थित यूनाइटेड इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर भी कई प्रतिबंध समेत ग्राहकों के धन निकासी पर रोक लगा दी है।

आरबीआई के आदेश के अनुसार, बहराइच (उत्तर प्रदेश) के नेशनल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर प्रतिबंध लगाने के साथ ही उसकी निकासी की सीमा तय की है।

नेशनल अर्बन को-ऑपरेटिव बैंक मामले में निकासी की सीमा प्रति ग्राहक 10,000 रु तय की है। वहीं यूपी के एक दूसरे बैंक बिजनौर (UP) स्थित यूनाइटेड इंडिया को-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड पर भी धन निकासी पर रोक लगा दी है।